परम पूज्य मुनि श्री निराकुल सागरजी द्वारा रचित पूजन क्रंमाक 947 जब तक सूरज, चाँद, सितारे जयवन्तो गुरुदेव...
परम पूज्य मुनि श्री निराकुल सागरजी द्वारा रचित पूजन क्रंमाक 946 आ मनुआ फेरें आ, जय विद्या ‘मनके’ फेरने पाप...
परम पूज्य मुनि श्री निराकुल सागरजी द्वारा रचित पूजन क्रंमाक 945 जपो मन जय विद्या छिन छिन हो रात, या हो दिन छिन...
परम पूज्य मुनि श्री निराकुल सागरजी द्वारा रचित पूजन क्रंमाक 944 देखा सपना अपना हुआ जय विद्या जपना हुआ ‘के...
परम पूज्य मुनि श्री निराकुल सागरजी द्वारा रचित पूजन क्रंमाक 943 जयतु जय, जयतु जय, जयतु जय आसमान नूर जय...
परम पूज्य मुनि श्री निराकुल सागरजी द्वारा रचित पूजन क्रंमाक 942 शिरोमण सन्त हैं चलते फिरते ग्रन्थ हैं गुरु...
परम पूज्य मुनि श्री निराकुल सागरजी द्वारा रचित पूजन क्रंमाक 941 वन्दना सादर मेरी वन्दना सादर जय सूरि विद्या...
परम पूज्य मुनि श्री निराकुल सागरजी द्वारा रचित पूजन क्रंमाक 940 नहीं दूजा, नहीं दूजा, नहीं दूजा विद्या सागर...
परम पूज्य मुनि श्री निराकुल सागरजी द्वारा रचित पूजन क्रंमाक 939 गंगा की धारा का पावन नाम जपा नाम बन चाला...
परम पूज्य मुनि श्री निराकुल सागरजी द्वारा रचित पूजन क्रंमाक 938 मन पावन होता है ‘जय-विद्या’ गुरु-मन्त्र...
परम पूज्य मुनि श्री निराकुल सागरजी द्वारा रचित पूजन क्रंमाक 937 जय विद्या, जय विद्या सागर सारे बोलो जय...
परम पूज्य मुनि श्री निराकुल सागरजी द्वारा रचित पूजन क्रंमाक 936 साँचे गुरु से लगन लगा ले रंग केशरिया चुनर...
